प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के मौके पर जगदलपुर के मां दंतेश्वरी मंदिर के सामने आयोजित दीपोत्सव को लेकर कांग्रेस और भाजपा कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए। आयोजन की तैयारियों और दुकानों को हटाए जाने को लेकर शुरू हुआ विरोध प्रदर्शन कुछ देर बाद झड़प और धक्का-मुक्की में बदल गया।
भाजपा की ओर से मां दंतेश्वरी मंदिर के सामने बड़े स्तर पर दीपोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इसके लिए डेढ़ लाख से अधिक दीये सजाए गए हैं और शाम को दीप प्रज्वलन कार्यक्रम प्रस्तावित है। आयोजन को देखते हुए पुलिस ने यातायात व्यवस्था में भी बदलाव किया है।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मंदिर के सामने लगने वाली व्यापारिक दुकानों, ठेले और फुटकर कारोबारियों को दुकान नहीं लगाने देने को लेकर विरोध जताया। कांग्रेस की ओर से यह भी आरोप लगाया गया कि आयोजन की व्यवस्था के कारण आम श्रद्धालुओं की आवाजाही प्रभावित हो रही है।
विजय शर्मा के पहुंचने के बाद बढ़ी गहमागहमी
विरोध प्रदर्शन के दौरान उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा भी मौके पर पहुंचे। इस दौरान कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ उनकी तीखी बहस और नोकझोंक हुई। इसके बाद उनके वहां से जाने के कुछ समय बाद भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच विवाद और बढ़ गया। दोनों पक्षों के बीच नारेबाजी के बाद धक्का-मुक्की की स्थिति बनी। कुछ रिपोर्टों में जूते-चप्पल फेंके जाने की बात भी सामने आई है। मौके पर पुलिस अधिकारियों ने पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया।
भाजयुमो ने लगाए अभद्र भाषा के आरोप
भाजयुमो जिला अध्यक्ष अभिलाष यादव ने आरोप लगाया कि विरोध प्रदर्शन के दौरान शांतिपूर्ण तरीके से मौजूद युवाओं के साथ अपशब्दों का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक विरोध अपनी जगह है, लेकिन युवाओं के साथ अभद्रता और अपमानजनक व्यवहार स्वीकार नहीं किया जाएगा। भाजयुमो की ओर से कहा गया कि राजनीतिक विरोध के दौरान भाषा और व्यवहार की मर्यादा बनाए रखी जानी चाहिए। वहीं, पूरे घटनाक्रम को लेकर दोनों पक्षों की ओर से अलग-अलग दावे सामने आए हैं।



