नई दिल्ली (एजेंसी)। भारत के 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय मंत्रियों और प्रमुख विपक्षी नेताओं ने देशवासियों को शुभकामनाएं दीं।
इस ऐतिहासिक मौके पर नेताओं ने स्वतंत्रता संग्राम के बलिदानों को याद करने के साथ-साथ देश के भविष्य और राष्ट्र निर्माण से जुड़े अपने-अपने विजन को रेखांकित किया।
विकसित भारत की प्रेरणा हैं स्वतंत्रता सेनानी: पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी एक पोस्ट में औपनिवेशिक शासन के खिलाफ संघर्ष करने वाले स्वतंत्रता सेनानियों को भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
उन्होंने कहा कि अनगिनत वीरों के साहस, त्याग और अटूट प्रतिबद्धता ने देश को आजादी दिलाई। उनके सपने आज भी 140 करोड़ देशवासियों को एक ‘विकसित भारत’ के निर्माण के लिए प्रेरित कर रहे हैं।
लाल किले की प्राचीर से मुख्य समारोह का नेतृत्व करने से पहले, पीएम मोदी ने राजघाट जाकर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की समाधि पर पुष्प अर्पित किए।
इस वर्ष का स्वतंत्रता दिवस समारोह वंदे मातरम के 150 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य और 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य में युवाओं की भूमिका पर विशेष रूप से केंद्रित रहा।

सशक्त और आत्मनिर्भर भारत पर जोर
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की बधाई देते हुए कहा कि इस अवसर पर सभी नागरिकों को भारत को अधिक विकसित, समृद्ध और आत्मनिर्भर बनाने का संकल्प लेना चाहिए।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अपने संदेश में कहा कि स्वतंत्रता संग्राम ने देश को केवल राजनीतिक आजादी ही नहीं दी, बल्कि राष्ट्र के भविष्य को संवारने का उत्तरदायित्व भी सौंपा है।
उन्होंने देश की समृद्ध विरासत को सहेजने के साथ-साथ आधुनिकता, सुरक्षा, नवाचार और आत्मनिर्भरता के साथ आगे बढ़ने की आवश्यकता पर बल दिया।

मल्लिकार्जुन खरगे ने संवैधानिक मूल्यों और लोकतंत्र पर दिया जोर
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने अपने स्वतंत्रता दिवस संदेश में देश की चुनौतियों पर ध्यान केंद्रित किया। उन्होंने कहा कि भारत ने कई क्षेत्रों में महत्वपूर्ण प्रगति की है, लेकिन जनता की कई आकांक्षाएं अब भी अधूरी हैं।
खरगे के अनुसार, पिछले एक दशक में देश के संवैधानिक मूल्यों, लोकतांत्रिक संस्थाओं और सामाजिक सौहार्द के सामने गंभीर चुनौतियां खड़ी हुई हैं।
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उन्होंने स्पष्ट किया कि आजादी का दायरा केवल ब्रिटिश हुकूमत से मुक्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें समानता, गरिमा, न्याय और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता जैसी संवैधानिक गारंटी भी शामिल हैं।
उन्होंने युवाओं के लिए रोजगार, किसानों के सम्मान, महिलाओं की सुरक्षा व समानता, और दलितों, आदिवासियों, पिछड़ों, अल्पसंख्यकों तथा कमजोर वर्गों के अधिकारों की रक्षा का आह्वान किया।

संविधान से ही सुरक्षित है आजादी: अखिलेश यादव
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने देशवासियों को बधाई देते हुए संविधान की रक्षा करने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि नागरिकों को मिलने वाली असली आजादी का आधार देश का संविधान ही है।
इसके अतिरिक्त, शरद पवार और नीतीश कुमार समेत कई अन्य प्रमुख नेताओं ने भी देशवासियों को 80वें स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।



