नवरात्रि में गरबा आयोजन के दौरान फूहड़ता फ़ैलाने वालों पर की कार्रवाई की मांग
रायपुर, (संवाद साधना)। राजधानी में नवरात्रि की तैयारियों के बीच गरबा आयोजनों को लेकर बजरंग दल सक्रिय हो गया है। संगठन ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि गरबा नृत्य श्रद्धा और भक्ति का प्रतीक है, लेकिन इसके नाम पर फूहड़ता फैलाने वाले आयोजनों पर रोक लगनी चाहिए। बजरंग दल ने साफ किया कि यदि किसी आयोजन समिति या अन्य तत्वों द्वारा नियमों की अनदेखी की गई तो उनके खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। बजरंग दल के प्रदेश प्रवक्ता ऋषि मिश्रा ने कहा कि 22 सितंबर से प्रारंभ होने जा रहे क्वांर नवरात्रि में मंदिरों, दुर्गा पंडालों और शक्ति केंद्रों में पारंपरिक गरबा नृत्य का आयोजन किया जाएगा। यह नृत्य भक्तों की आस्था और देवी मां के प्रति समर्पण का माध्यम है, इसलिए इसका स्वरूप पूरी तरह धार्मिक और सांस्कृतिक होना चाहिए।

संगठन ने आयोजनों को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं। इसमें कहा गया है कि गरबा केवल मंदिरों और दुर्गा पंडालों में ही आयोजित हो और उसमें देवी गीत, धार्मिक गीत एवं जसगीत ही बजाए जाएं। किसी भी प्रकार के फिल्मी या अश्लील गीत की अनुमति नहीं होगी। साथ ही प्रतिभागियों को परंपरागत परिधान पहनना अनिवार्य किया गया है। बजरंग दल ने यह भी कहा कि गरबा आयोजनों में महिलाओं की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा जाए और कार्यक्रम रात 12 बजे तक ही संपन्न हों। आयोजन स्थलों पर प्रवेश और सुरक्षा के लिए हिंदू बाउंसर तैनात किए जाएं और पार्किंग व्यवस्था भी पूरी तरह सुव्यवस्थित हो। इसके अलावा आयोजनों में गैर-हिंदुओं की भागीदारी और मैदान के आसपास नशाखोरी व मांसाहार की बिक्री पूरी तरह वर्जित रहेगी।
संगठन ने चेतावनी दी कि यदि किसी भी समिति ने इन दिशा-निर्देशों का उल्लंघन किया तो बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद अपने स्तर पर कार्रवाई करेंगे और उसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन पर होगी। इस मौके पर प्रांत से ऋषि मिश्रा, विभाग से रमन नायडू समेत रायपुर महानगर के 14 प्रखंडों के कार्यकर्ता उपस्थित थे।



