National Youth Day: स्वामी विवेकानंद जयंती पर कृषि अभियांत्रिकी महाविद्यालय में मनाया गया राष्ट्रीय युवा दिवस
National Youth Day: प्रो. टोपलाल वर्मा ने विवेकानंद के जीवन दर्शन पर दिया प्रेरणादायक व्याख्यान
National Youth Day: नशा मुक्ति और अनुशासन पर जोर, निहाल पांडेय ने विद्यार्थियों को किया प्रेरित
National Youth Day: रायपुर, स्वामी विवेकानंद कृषि अभियांत्रिकी एवं अनुसंधान केंद्र में सोमवार राष्ट्रीय युवा दिवस का आयोजन हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत महाविद्यालय परिसर में स्थित स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि प्रो. वर्मा ने स्वामी विवेकानंद जी के जीवन दर्शन और उनके राष्ट्र निर्माण में योगदान पर विस्तृत रूप से चर्चा की। उन्होंने कहा कि भारत में युवा जनसंख्या अत्यधिक है, जो राष्ट्र की सबसे बड़ी शक्ति है। अगर भारतीय युवा स्वामी विवेकानंद के विचारों को आत्मसात कर उनका पालन करें, तो वे राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि वर्ष 2047 तक, अगर युवा जागरूक और प्रेरित होकर काम करें, तो भारत एक विकसित राष्ट्र के रूप में स्थापित हो सकता है। कार्यक्रम के दौरान शोधार्थी और छात्र प्रतिनिधि निहाल पांडेय ने मंच संचालन करते हुए विद्यार्थियों से नशा, मादक पदार्थों और अन्य सामाजिक कुरीतियों से दूर रहने की अपील की। साथ ही उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासित और उद्देश्यपूर्ण जीवन जीने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के समापन पर महाविद्यालय के वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. एस. वी. जोगदंड ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में प्रो. टोपलाल वर्मा, सेवानिवृत्त प्राध्यापक, शासकीय छत्तीसगढ़ महाविद्यालय, रायपुर उपस्थित थे।

National Youth Day: ये रहे उपस्थित
कुलपति डॉ. गिरीश चंदेल की विशिष्ट उपस्थिति ने कार्यक्रम को और भी गरिमामय बना दिया। वहीं कार्यक्रम का आयोजन डॉ. अजय वर्मा, अधिष्ठाता, कृषि अभियांत्रिकी संकाय के कुशल मार्गदर्शन में किया गया। डॉ. अजय वर्मा ने स्वागत भाषण प्रस्तुत किया। इस अवसर पर डॉ. विवेक त्रिपाठी, संचालक अनुसंधान, पूर्व अधिष्ठाता प्रो. विनय कुमार पांडे, डॉ. धनंजय शर्मा, सहायक संचालक अनुसंधान, प्रो. एम एल वर्मा, प्राचार्य, शासकीय महाविद्यालय, तिल्दा सहित विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय के प्राध्यापकगण, अधिकारीगण, कर्मचारीगण और विद्यार्थी उपस्थित थे।



