जांजगीर-चांपा। जिले के प्रसिद्ध नैला दुर्गा पंडाल में मां दुर्गा के दर्शन के लिए पहुंच रहे हजारों श्रद्धालुओं को कानूनी अधिकारों और निःशुल्क विधिक सहायता के प्रति जागरूक किया जा रहा है। श्री श्री दुर्गा पूजा उत्सव नैला में 14 अक्टूबर से निःशुल्क विधिक सलाह एवं सहायता केंद्र का स्टॉल लगाया गया है। इसके माध्यम से लोगों को विधिक सेवा प्राधिकरण की योजनाओं, कानूनी प्रावधानों और जरूरतमंदों को मिलने वाली सहायता की जानकारी दी जा रही है। यह पहल प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जांजगीर के सह-अध्यक्ष के निर्देश तथा प्राधिकरण के सचिव के मार्गदर्शन में की जा रही है। स्टॉल पर प्रतिधारक अधिवक्ता परमेश्वर कुमार राठौर तथा अधिकार मित्र लक्ष्मी प्रसाद जायसवाल और सुशील कुमार सूर्यवंशी श्रद्धालुओं को विभिन्न कानूनी विषयों पर जानकारी दे रहे हैं। स्टॉल के माध्यम से लोगों को विधिक सेवा प्राधिकरण अधिनियम के उद्देश्य, निःशुल्क विधिक सहायता प्राप्त करने की पात्रता, साइबर अपराध से बचाव और सामुदायिक मध्यस्थता के महत्व से अवगत कराया जा रहा है। साथ ही राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नालसा) की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी जा रही है। इनमें आपदा पीड़ितों, मानव तस्करी एवं वाणिज्यिक यौन शोषण के पीड़ितों, असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों, वरिष्ठ नागरिकों, एसिड हमले के पीड़ितों और आदिवासियों के अधिकारों से संबंधित योजनाएं शामिल हैं। इसके अलावा गरीबी उन्मूलन योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, बच्चों के लिए बाल मैत्रीपूर्ण विधिक सेवाओं तथा मानसिक बीमारी और बौद्धिक अक्षमता से प्रभावित व्यक्तियों के अधिकारों के संबंध में भी लोगों को जागरूक किया जा रहा है। केंद्र में संवाद, डॉन, जागृति, वीर परिवार सहायता, मानव-वन्यजीव संघर्ष के पीड़ितों से संबंधित योजनाओं के साथ स्पहा, आशा, शिक्षा, हमर अंगना, प्रयास, उम्मीद और आसरा जैसी योजनाओं की जानकारी भी दी जा रही है। इन योजनाओं का उद्देश्य पात्र लोगों तक कानूनी सहायता और आवश्यक सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करना है। श्रद्धालुओं को केवल मौखिक जानकारी ही नहीं दी जा रही, बल्कि जागरूकता से संबंधित पंपलेट और बुकलेट भी वितरित किए जा रहे हैं। इनमें मोटरयान अधिनियम, घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम, आपराधिक मामलों में महिलाओं को प्राप्त विशेष अधिकार तथा गिरफ्तार और अभिरक्षा में निरुद्ध व्यक्तियों के अधिकारों से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां शामिल हैं। इसके साथ ही लोगों को नालसा की हेल्पलाइन नंबर 15100 की जानकारी देकर बताया जा रहा है कि जरूरत पड़ने पर वे विधिक सहायता के लिए संपर्क कर सकते हैं। दुर्गोत्सव जैसे बड़े सार्वजनिक आयोजन के माध्यम से कानूनी जागरूकता का संदेश आम लोगों तक पहुंचाने की यह पहल नागरिकों को उनके अधिकारों के प्रति सजग करने और जरूरतमंदों को न्याय तक पहुंच उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण है।



