20 लाख की सामग्री जब्त, बार-रेस्टोरेंट्स तक फैला नेटवर्क
रायपुर। राजधानी में प्रतिबंधित हुक्का सामग्रियों के अवैध कारोबार का एक बड़ा मामला सामने आया है। क्राइम ब्रांच और स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में राजीव नगर स्थित एक मकान और गोलबाजार क्षेत्र की एक दुकान में दबिश देकर भारी मात्रा में हुक्का सामग्री जब्त की गई। इस मामले में दो सगे भाइयों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों के ठिकानों से हुक्का से संबंधित भारी मात्रा में सामग्री जब्त की है, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 20 लाख रुपये बताई जा रही है।वही पुलिस का मानना है कि यह एक सुनियोजित रैकेट था जो हुक्का फ्लेवर की आपूर्ति रायपुर समेत अन्य जिलों में करता था।
हर कमरे में बना रखा था हुक्का सामग्रियों का गोदाम
क्राइम ब्रांच की टीम ने मंगलवार रात लगभग 11 बजे खम्हारडीह थाना क्षेत्र के राजीव नगर स्थित आरोपी मोहन लाल मंदानी के घर छापेमारी की। तलाशी के दौरान पुलिस को मकान के हर कमरे, बरामदे और पार्किंग शेड में हुक्का सामग्रियों का जखीरा मिला। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि घर में रखा सामान लगभग 30-35 लाख रुपये का है और इसकी रीसेल वैल्यू 50 लाख रुपये से अधिक है। टीम को सामग्री ले जाने के लिए तीन गाडिय़ों की जरूरत पड़ी। जब्त सामान में सैकड़ों हुक्का पॉट, विभिन्न फ्लेवर, चारकोल डिब्बे, नोजल, पाइप आदि शामिल हैं।
पहले भेजा खरीदार, फिर की गई गिरफ्तारी
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने सबसे पहले एक खरीदार भेजकर ‘टेस्ट पर्चेस’ कराया। जैसे ही मोहन ने उसे हुक्का सामग्री बेची, टीम ने उसे मौके पर ही रंगे हाथ पकड़ लिया। पूछताछ में वह वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद मकान की पूरी तलाशी लेकर सामग्रियों को जब्त कर लिया गया।
दुकान से भी बरामद हुई भारी मात्रा में सामग्री
एक अन्य टीम ने गोलबाजार थाना क्षेत्र के जयस्तंभ चौक के पास मयूरा होटल के बाजू में स्थित राज पान पैलेस दुकान में दबिश दी। यहां दुकान संचालक अशोक कुमार मंदानी को प्रतिबंधित हुक्का सामग्री बेचते और भंडारण करते हुए गिरफ्तार किया गया। उसने बताया कि यह सारा माल उसने सप्ताह भर पहले मंगाया था और रिटेल में पान ठेले व बार-रेस्टोरेंट्स को सप्लाई करने वाला था। वह अधिकतर सप्लाई रात में करता था।
पहले भी जा चुके हैं जेल
पुलिस के अनुसार दोनों आरोपी पहले भी हुक्का सामग्री के अवैध व्यापार के मामलों में जेल जा चुके हैं। अब एक बार फिर इनके विरुद्ध धारा 4(क), 21(1) सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद (विज्ञापन का प्रतिषेध और व्यापार, वाणिज्य, उत्पादन, प्रदाय और वितरण का विनियमन) अधिनियम 2003 एवं संशोधन अधिनियम 2023 के तहत अपराध दर्ज किया गया है।



