समर्थन मूल्य पर 1 नवंबर से शुरू होगी धान खरीदी
महासमुंद। जिले के 182 धान उपार्जन केन्द्रों में समर्थन मूल्य पर खरीफ फसल धान की खरीदी एक नवंबर से शुरू हो जाएगी। खरीफ सीजन 2023-24 में समर्थन मूल्य पर धान बेचने के लिए पंजीयन की आखिरी तारीख 15 अक्टूबर तक जिले के कुल एक लाख 54 हजार 266 किसानों ने पंजीयन कराया है। इस बार 8 हजार 812 नए किसानों ने पंजीयन कराया है वहीं एक लाख 45 हजार किसान का पंजीयन पहले ही हो चुका है जिसे इस साल कैरी फारवर्ड किया गया है।
बता दें कि इस साल खरीफ फसल का रकबा 2.60 लाख हेक्टेयर है जिसमें 2.41 लाख हेक्टेयर में धान की फसल ली गयी है। धान के अलावा ज्वार, मक्का, कोदो, रागी, अरहर, मूंग, उड़द, कुत्थी, मूंगफली और तिल की भी फसल ली गयी है। समर्थन मूल्य पर धान की खरीदी के लिए पंजीयन समाप्त हो गया है। अब तहसील स्तर पर ऐसे किसान जो फौती उठाकर पंजीयन कराना है या फिर वे किसान जो जिले में नहीं हैं वे 30 अक्टूबर तक तहसील में अपना पंजीयन करा सकते हैं। एक नवंबर से शुरू होने वाली धान खरीदी के लिए प्रशासन की तैयारी अंतिम चरण में है इस बार जिले के 182 धान उपार्जन केन्द्रों के माध्यम से धान खरीदी की जाएगी। गत वर्ष यह खरीदी 169 खरीदी केन्द्रों से धान खरीदी की गयी थी। इस साल शासन ने करीब 13 नए उपार्जन केन्द्र प्रस्तावित किए हैं, जिनमें इसी साल से धान खरीदी शुरू होगी।इस साल 80 लाख क्विंटल धान खरीदी का लक्ष्य रखा गया है। पिछले साल 75 लाख क्विंटल धान खरीदी का लक्ष्य था। इधर 2.41 लाख हेक्टेयर धान की फसल में 40 प्रतिशत अर्ली वेरायटी वाली धान की फसल है जो अब लगभग तैयार हो चुकी है। जिले के कई क्षेत्रों में अर्ली वेरायटी धान फसल की कटाई का काम शुरू हो गया है, वहीं थ्रेसर से मिंजाई का काम चल रहा है।
साढ़े चार हजार से अधिक किसानों का पंजीयन निरस्त
धान बिक्री के लिए पंजीयन की अंतिम तिथि 15 अक्टूबर थी । फिलहाल पंजीयन को लेकर तिथि बढ़ने के लिए अभी तक कोई दिशा-निर्देश नहीं आया है। जिला नोडल अधिकारी जीएन साहू ने बताया कि अभी तक 1 लाख 54 हजार 454 किसानों का- पंजीयन हो गया है। इसमें से 8812 नए किसान हैं, वहीं 4622 निरस्त किए गए किसान हंै। निरस्त किए गए किसानों को 31 अक्टूबर तक पंजीयन का एक और मौका दिया गया है।इनमें से ऐसे किसान हैं, जो मृत हो चुके हैं, उनका पंजीयन परिजन फौती उठाकर तहसील मॉडल में करा सकते हैं। वहीं कई ऐसे किसान है, जो प्रदेश से बाहर है, लेकिन 31 अक्टूबर तक अपने क्षेत्र पहुंचकर तहसील स्तर पर पंजीयन करा सकते हैं। उनका भी पंजीयन निर्धारित समय सीमा तक किया जाएगा।
फसलों पर एक नजर
फसल का नाम रकबा (हेक्टेयर में)
धान 2.41
ज्वार 0.010
मक्का 0.170
कोदो 0.070
रागी 1.300
अरहर 0.650
मूंग 1.500
उड़द 7.700
कुत्थी 0.010
मंूगफली 3.200
तिल 0.300
रेशेदार एवं अन्य 1.720



