छत्तीसगढ़ में होने वाले प्रशासनिक फेरबदल में इस बार सरकार का फोकस जिलों में प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों क पदस्थापना में बदलाव किया जाना है।
संवाद साधना। प्रदेश में जल्द ही बड़ा प्रशासनिक फेरबदल होने वाला है। सूत्रों की मानें राज्य के कई जिलों के कलेक्टर और एसपी बदले जा सकते हैं। इसके साथ ही मंत्रालय में पदस्थ सचिव स्तर के अधिकारियों के विभागों में फेरबदल संभावित है। छत्तीसगढ़ में होने वाले प्रशासनिक फेरबदल में इस बार सरकार का फोकस जिलों में प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों क पदस्थापना में बदलाव किया जाना है। राज्य में नगरीय निकायों और त्रिस्तरीय पंचायत राज संस्थाओं के चुनाव हो चुके हैं। अब आने वाले लंबे समय तक राज्य में कोई बड़ा चुनाव नहीं होना है। इसके साथ ही सरकार अब जिलों में व्यवस्था को मजबूत करने के इरादे के साथ बड़ा बदलाव करने की तैयारी में है। इन चुनाव से पहले सरकार जिलों में कलेक्टरों और पुलिस अधीक्षकों के प्रदर्शन पर भी नजर बनाए हुए थी। अब परफार्मेंस के आधार पर पोस्टिंग की जाएगी।
एसपी-आईजी बदले जाएंगे
सूत्रों के मुताबिक सरकार करीब 18 जिलों के एसपी और 3 रेंज के आईजी के प्रभार में बदलाव कर सकती है। आधा दर्जन से ज्यादा जिलों के एसपी के कामकाज से सरकार नाखुश है और ऐसे एसपी को सरकार बदल सकती है। लंबे समय से एसपी और आईजी के ट्रांसफर की चर्चा चल रही थी, लेकिन पहले निकाय चुनाव और बाद में विधानसभा के बजट सत्र की वजह से ट्रांसफर रोक दिए गए। संकेत है कि अब सरकार कभी भी ट्रांसफर आर्डर जारी कर सकती है।
सूत्रों के मुताबिक धमतरी, नारायणपुर, खैरागढ़, बेमेतरा, सुकमा, बस्तर, कोंडागांव, कांकेर, दुर्ग, राजनांदगांव, बलौदाबाजार, गरियाबंद, मुंगेली, सक्ती, जांजगीर चांपा, कोरबा और महासमुंद जिलों के एसपी बदले जा सकते हैं। चर्चा यह भी है कि 2020 बैच के आईपीएस अफसरों को बतौर एसपी पोस्टिंग दी जा सकती है। कहा जा रहा है कि इस बैच के करीब चार आईपीएस एसपी बन सकते हैं।
सूत्रों की मानें तो प्रस्तावित बदलाव में दो से तीन रेंज के आईजी के प्रभार भी बदले जा सकते हैं। इनमें रायपुर, सरगुजा और बिलासपुर रेंज के आईजी हो सकते हैं। रायपुर रेंज के आईजी के पास ईओडब्ल्यू-एसीबी की भी जिम्मेदारी है और ईओडब्ल्यू-एसीबी कई हाई प्रोफाइल मामलों की जांच कर रही है। ऐसे में उन्हें रायपुर रेंज की जिम्मेदारी से राहत दी जा सकती है।
नए साल में पहला बड़ा फेरबदल
राज्य सरकार ने वर्ष 2025 में जनवरी से लेकर मार्च तक प्रशासनिक अधिकारियों की पदस्थापनाओं में आंशिक फेरबदल किया है। इस दौरान 7 आईएएस, 11 आईपीएस, राज्य प्रशासनिक सेवा के 60 अधिकारियों के साथ ही कुछ आईएफएस अधिकारियों के तबादले किए थे। लेकिन इसके बाद भी सरकार बड़े स्तर पर प्रशासनिक सर्जरी नहीं कर पाई थी।
सूत्रों की मानें तो अब सरकार के पास इस बात के लिए प्र्याप्त अवसर है कि वह जिलों की प्रशासनिक व्यवस्था में बड़ा बदलाव करे। बताया गया है कि, कई जिलों से कलेक्टर और एसपी को बदला जाना है। जिलों के कलेक्टरों की पदस्थापना में बदलाव के पीछे कारण ये है कि राज्य सरकार की फ्लैगशिप योजनाओं पर क्रियान्वयन अच्छी तरह से हो।
इसी क्रम में केंद्र सरकार की योजना का क्रियानव्यन और उसका लाभ आम लोगों को मिले इसके लिए बदलाव किया जाना है। राज्य में कानून व्यवस्था की स्थिति को मजबूत करने के लिए कई जिलों में जहां आपराधिक घटनाएं अधिक हुई है वहां एसपी को बदला जाना है। इस बदलाव के साथ ये संभावना भी है कि मंत्रालय में पदस्थ कुछ सचिव स्तर के अधिकारियों के प्रभार में भी परिवर्तन किया जा सकता है।



