महासमुंद। संसदसीय सचिव व विधायक विनोद सेवनलाल चंद्राकर क्षेत्र में विभिन्न जगहों पर आयोजित विश्वकर्मा जयंती में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने भगवान विश्वकर्मा की जयंती के अवसर पर क्षेत्रवासियों को बधाई भी दी।
शनिवार को संसदीय सचिव व विधायक श्री चंद्राकर ग्राम पासीद, तुमगांव, पिरदा, मालीडीह सहित जिला मुख्यालय में आयोजित विश्वकर्मा जयंती में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। सर्वप्रथम संसदीय सचिव श्री चंद्राकर ने भगवान विश्वकर्मा की विधिवत पूजा कर लोगों को जयंती की बधाई देते हुए क्षेत्र की खुशहाली की कामना की। जिला मुख्यालय स्थित हाईस्कूल मैदान में आयोजित विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर रंग झरोखा छत्तीसगढ़ी सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। अपने संबोधन में संसदीय सचिव श्री चंद्राकर ने कहा कि धार्मिक मान्यताओं के अनुसार भगवान विश्वकर्मा दुनिया के सबसे पहले इंजीनियर थे। इनकी पूजा से जीवन में कभी भी सुख समृद्धि की कमी नहीं रहती। इस दिन सभी कारखानों, औधोगिक संस्थानों, गाड़ियों आदि की पूजा की जाती है। उन्होंने कहा कि गढ़बो नवा छत्तीसगढ़ के संकल्प को पूरा करने में राज्य के श्रमवीर सार्थक भागीदारी निभा रहे हैं। उन्होंने कहा है कि विश्वकर्मा जयंती का दिन हमें श्रम के लिए संकल्पित होने की प्रेरणा देता है। भगवान विश्वकर्मा निर्माण और सृजन के देवता हैं। विश्वकर्मा जी की कुशल तकनीकी, कौशल और श्रमशीलता प्रेरणादायी है। इस अवसर पर प्रमुख रूप से जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष डा रश्मि चंद्राकर, जिला वनोपज यूनियन के अध्यक्ष प्रमोद चंद्राकर, नगरपालिका अध्यक्ष राशि महिलांग, बीज अनुसंधान समिति के संचालक दाउलाल चंद्राकर, अरूण चंद्राकर, जनपद सदस्य अजय मंगल ध्रुव, थनवार यादव, दिलीप चंद्राकर, गौरव जानी चंद्राकर आदि मौजूद रहे।



