कोरबा ,साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड गेवरा माइंस के एक हिस्से में संचालित केजेसीएल की साइट पर नाइट शिफ्ट में दुर्घटना की खबर आ रही हैं। बताया जा रहा हैं की इसमें पेशे से सुपरवाईजर की स्थिति अचानक बिगड़ गई। कुछ देर बाद उसे गेवरा के नेहरू सेंचुरी हॉस्पिटल भेजा गया जहां चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना को लेकर निजी कंपनी के कर्मचारियों ने साइट कार्यालय पर जमकर हंगामा किया और कई प्रकार के आरोप लगाए। बताया जा रहा हैं की घटना में मृत कर्मचारी बलराम यादव 42 वर्ष जो पुलिस थाना दीपका क्षेत्र के अंतर्गत एक गांव का रहने वाला था। काफी समय से वह निजी कंपनी केजेसीएल में नियोजित था। बताया गया कि वाहन चालक के रूप में वह कंपनी को अपनी सेवाएं दे रहा था। साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड गेवरा माइंस के नजदीक ही निजी कंपनी को अपना कामकाज करने के लिए प्रबंधन ने परमिट ग्रांट किया है। उक्तानुसार मौके से कार्यों का संचालन किया जा रहा है। अपने कार्यों के लिए अलग-अलग कैटेगरी में कंपनी ने कर्मियों को डिप्लोएड किया है। इन्ही में शामिल बलराम यादव की ड्यूटी नाइट शिफ्ट में थी ।
खबर के अनुसार रात्रि को एकाएक उसे हार्ट अटैक आया। पसीने से तरबतर होने और जबरदस्त बेचैनी की स्थिति की जानकारी होने पर कैम्प में भयमिश्रित वातावरण बन गया। कर्मचारियों के द्वारा इस बारे में कर्ता-धर्ताओं को अवगत कराया गया। आनन-फानन में पीडि़त को नेहरू सेंचुरी हॉस्पिटल गेवरा भिजवाने की व्यवस्था की गई। पता चला कि अस्पताल में उसे बहुत अधिक समय नहीं रखा जा सका और चिकित्सक ने उसकी मृत्यु की घोषणा की। इसका पता चलने के बाद सहकर्मियों ने घटनाक्रम को लेकर नाराजगी जताई और डीजी कंपनी के साइट पर पहुंचकर हंगामा करते हुए कामकाज ठप कर दिया। कामगारों के इस मामले में अलग तर्क है। उनका कहना है कि अत्याधिक प्रेशर और लापरवाही के कारण घटना हुई है।



